मैं तो आरती उतारूं रे, me to aarati uttarun re

मैं तो आरती उतारूं रे



तरज़ - मैं तो आरती उतारूं रे संतोषी माता की

मैं तो आरती उतारूँ रे, श्री राधा रसिक बिहारी की
मेरे प्यारे निकुंज बिहारी की, मेरे प्यारे बांकें बिहारी की,
मैं तो आरती उतारूं रे, श्री राधा रसिक बिहारी की,
मैं तो.......

1 ) मोर पखा अलकें घूंघराली, बार बार जाऊँ बलिहारी
कुंडल की छविं न्यारी की, मेरे प्यारे बांकें बिहारी की,
मैं तो आरती उतारूं रे, श्री राधा रसिक बिहारी की,
मैं तो........

2 ) साँवरी सूरत, मोहनीं मूरत तिरछी नज़र बिहारी की,
मेरे प्यारे निकुंज बिहारी की,
मैं तो आरती उतारूं रे, श्री राधा रसिक बिहारी की,

3 ) गल सोहे वैजंती माला, नैंन रसीले रूप निराला,
मन मोहन कृष्ण मुरारी की, मेरे प्यारे बांकें बिहारी की,
मैं तो आरती उतारूं रे, श्री राधा रसिक बिहारी की,
मैं तो.........

4 ) पागल के हो प्राणन प्यारे, प्राणन प्यारे नैंनन तारे,
श्री हरिदास दुलारी की, मेरे प्यारे निकुंज बिहारी की,
मेरे प्यारे बांकें बिहारी की,
मैं तो आरती उतारूं रे, श्री राधा रसिक बिहारी की,
मेरे प्यारे निकुंज बिहारी की, मेरे प्यारे बांकें बिहारी की,
मैं तो आरती उतारूं रे, श्री राधा रसिक बिहारी की,

बाबा धसका पागल पानीपत
संपर्कंसुत्र - 7206526000



श्रेणी : कृष्ण भजन

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"मैं तो आरती उतारूं रे" एक भक्तिमय और हृदय को भाव-विभोर कर देने वाला भजन है, जो श्रीराधा और बांके बिहारी जी की आराधना में भक्तों को डुबो देता है। इस भजन की विशेषता इसकी गेयता और मधुरता है, जो इसे और भी प्रभावशाली बना देती है।

भजन के हर पद में श्रीकृष्ण की मोहक छवि का सुंदर वर्णन किया गया है। मोरपंख धारण किए, घुँघराली अलकों वाले, कुंडल की छवि से शोभायमान, ये प्रियतम बांके बिहारी हर भक्त को अपनी ओर आकर्षित करते हैं। उनकी सांवली सूरत और मोहिनी मूरत का दर्शन मात्र ही मन को भक्ति रस में रंग देता है।

इस भजन में वैजयंती माला से सुशोभित श्रीकृष्ण की सुंदरता का चित्रण किया गया है, जिनकी आंखें रसीली और स्वरूप अनुपम है। यह भजन हरिदास जी के आराध्य ठाकुर जी के प्रति समर्पण को दर्शाता है और यह बताता है कि सच्चे भक्त के लिए उनके प्रियतम बिहारी जी ही प्राणों से भी प्रिय होते हैं।

"मैं तो आरती उतारूं रे" केवल एक भजन नहीं, बल्कि एक आध्यात्मिक आराधना है, जो भक्तों को ठाकुर जी के चरणों में ले जाती है। यह भजन प्रेम और भक्ति से ओत-प्रोत होकर हर भक्त के हृदय को श्रीराधा-कृष्ण की भक्ति में सराबोर कर देता है।

Harshit Jain

आपका स्वागत है "Yt Krishna Bhakti" में, जहां आपको भगवान से जुड़ी जानकारी, मधुर भजन, इतिहास और मंत्रों का अद्भुत संग्रह मिलेगा। मेरा नाम "Harshit Jain" है, और इस ब्लॉग का उद्देश्य आपको भगवान के भजन, उनके इतिहास, और उनके मंत्रों के बोल उपलब्ध कराना है। यहां आप अपने पसंदीदा भजनों और गायक के अनुसार भजन खोज सकते हैं, और हर प्रकार की धार्मिक सामग्री प्राप्त कर सकते हैं। आओ, इस भक्ति यात्रा में हमारे साथ जुड़े और भगवान के नाम का जाप करें।

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